वाराणसी · भारतीय मानक समय
वाराणसी पंचांग: शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026। सूर्योदय-आधारित दिन का पंचांग — वाराणसी: तिथि, नक्षत्र, योग, करण, राहु काल और चौघड़िया। समय स्थानीय है (भारतीय मानक समय)।
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026
- वार
- शुक्रवार
- सूर्योदय · सूर्यास्त
- 06:04 · 17:18
- चन्द्रोदय · चंद्रास्त
- चंद्रास्त 10:28 · चन्द्रोदय 21:03
- तिथि
- कृष्ण पक्ष पंचमी 19:25 तक
- नक्षत्र
- मृगशिरा 09:03 तक
- योग
- शिव
- करण
- कौलव
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- चंद्र मास
- आश्विन (अमान्त) · कार्तिक (पूर्णिमान्त)
- राहु काल
- 10:17–11:41
- यमगंड
- 14:30–15:54
- गुलिक
- 07:28–08:52
- अभिजीत
- 11:18–12:03
पिछला दिन · आज
| पंचांग | गुरुवार, 29 अक्टूबर 2026 | शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 |
|---|---|---|
| सूर्योदय | 06:03 | 06:04 |
| सूर्यास्त | 17:19 | 17:18 |
| तिथि | कृष्ण पक्ष चतुर्थी | कृष्ण पक्ष पंचमी |
| नक्षत्र | रोहिणी | मृगशिरा |
| योग | परिघ | शिव |
| राहु काल | 13:05–14:30 | 10:17–11:41 |
चौघड़िया मुहूर्त
| आरम्भ–समाप्ति | चौघड़िया मुहूर्त |
|---|---|
| 06:04–07:28 | चर मध्यम |
| 07:28–08:52 | लाभ शुभ |
| 08:52–10:17 | अमृत शुभ |
| 10:17–11:41 | काल अशुभ |
| 11:41–13:05 | शुभ शुभ |
| 13:05–14:30 | रोग अशुभ |
| 14:30–15:54 | उद्वेग अशुभ |
| 15:54–17:18 | चर मध्यम |
| आरम्भ–समाप्ति | चौघड़िया मुहूर्त |
|---|---|
| 17:18–18:54 | रोग अशुभ |
| 18:54–20:30 | काल अशुभ |
| 20:30–22:05 | लाभ शुभ |
| 22:05–23:41 | उद्वेग अशुभ |
| 23:41–01:17 | शुभ शुभ |
| 01:17–02:53 | अमृत शुभ |
| 02:53–04:29 | चर मध्यम |
| 04:29–06:04 | रोग अशुभ |
तिथि, नक्षत्र, योग और करण कब बदलते हैं
| तिथि | आरंभ | समाप्ति |
|---|---|---|
| कृष्ण पक्ष पंचमी | सूर्योदय पर | 19:25 |
| कृष्ण पक्ष षष्ठी | 19:25 | 16:58 (+1) |
| नक्षत्र | आरंभ | समाप्ति |
|---|---|---|
| मृगशिरा | सूर्योदय पर | 09:03 |
| आर्द्रा | 09:03 | 07:11 (+1) |
| योग | आरंभ | समाप्ति |
|---|---|---|
| शिव | सूर्योदय पर | 20:40 |
| सिद्ध | 20:40 | 17:30 (+1) |
| करण | आरंभ | समाप्ति |
|---|---|---|
| कौलव | सूर्योदय पर | 08:46 |
| तैतिल | 08:46 | 19:25 |
| गर | 19:25 | 06:09 (+1) |
मास, पक्ष और संवत्
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- अमान्त
- आश्विन
- पूर्णिमान्त
- कार्तिक
- ऋतु
- शरद
- अयन
- दक्षिणायन
- शक
- 1948
- विक्रम
- 2083
- संवत्सर
- पराभव
पंचांग
गणना astronomy-engine से ग्रह-स्थितियों, सूर्य के ऊपरी किनारे के मानक अपवर्तन सहित सूर्योदय और लाहिड़ी अयनांश से की गई है; अंग्रेज़ी पृष्ठों जैसी ही गणना।
यह पृष्ठ हर आधी रात के बाद फिर से बनता है; अन्य पंचांगों से समय कुछ मिनट भिन्न हो सकते हैं।